क्या ये आप से आप का सपना मांगते हैं, नींद छीनते हैं, आराम मैं खलल डालते हैं?
नहीं ये कुछ नहीं जानते की इनके लिए क्या हो सकता है या क्या होने के लिए खा गया है |
इन्हें तो अपने देश के प्रधान मंत्री का नाम तक नहीं मालूम है |

कुछ को तो ये नहीं पता की वो किस जिले में रहतें है? उसके लिए अगर आप सब थोडा सा सहयोग दे के इस अपाहिज देश को चलने फिरने के काबिल बनादेंगे तो ये देश आप का एहसान मनेगा की आप ने इसको जीवन दे दिया |
आप सब समझदार हैं, पढ़े लिखे हैं फिर कुछ अपनी अकाल लगाइए और प्रोत्साहित करिए मुझे मेरे साथ आयए अपने घर पे रहके या खुलके सामने आयें देश हम सब का है ज़िम्मेदारी सबकी है |
देश आप से क़ुरबानी नहीं आप का सहयोग माँगा रहा है |
- One Man Army






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ONE MAN ARMY